
राधेश्याम भंजन
Ayan Bahukhandi
0 いいね3:372026年5月18日
プロンプト
आनन्द कन्द, शरणागति नन्दन। हे राधेश्याम, भव-भय भंजन॥ माधव माधव, हृदय निवासी। कृपा करो हे, गोकुल वासी॥ शंख चक्र धर, पीताम्बर धर। नील मेघ श्याम, सुन्दर वर॥ चरण कमल में, प्रणाम हमारा। तू ही माता पिता, तू ही सहारा॥ आनन्द कन्द, शरणागति नन्दन। हे राधेश्याम, भव-भय भंजन॥ माधव माधव, हृदय निवासी। कृपा करो हे, गोकुल वासी॥ अन्तर्यामी सत्य सनातन। माया लीला तेरी, जीव विमोहन॥ निष्काम कर्म की, दे दो शिक्षा। भक्ति रसामृत, यही है भिक्षा॥